चोमू (राजस्थान)।
खांडेलवाल समाज चोमू द्वारा कवि शिरोमणि राष्ट्रीय संत संत सुन्दरदास जी महाराज की 430वीं जयंती अत्यंत श्रद्धा, भक्ति और उत्साह के साथ मनाई गई। यह भव्य आयोजन राम नवमी के पावन अवसर पर चोमू नगर परिषद क्षेत्र स्थित गढ़ गणेश मंदिर के समीप खांडेलवाल धर्मशाला में आयोजित हुआ, जिसमें समाज के गणमान्य नागरिकों एवं बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लिया
कार्यक्रम की शुरुआत संत सुन्दरदास जी महाराज के चित्र पर माल्यार्पण, पुष्प अर्पण एवं दीप प्रज्वलन के साथ हुई। इस अवसर पर अखिल भारतवर्षीय खांडेलवाल वैश्य महासभा के राष्ट्रीय प्रवक्ता एवं मीडिया प्रभारी प्रोफेसर रमेश कुमार रावत, समाज के अध्यक्ष मुकेश खुटेटा, उपाध्यक्ष गोविंद झालानी, मंत्री वीरेंद्र खंडेलवाल, संयुक्त मंत्री रमेश डागायच सहित अनेक पदाधिकारी एवं समाजजन उपस्थित रहे

कार्यक्रम के दौरान सभी उपस्थित श्रद्धालुओं द्वारा संत सुन्दरदास जी की स्तुति में प्रार्थना, स्तोत्र एवं चालीसा का सामूहिक पाठ किया गया, जिससे संपूर्ण वातावरण भक्तिमय हो उठा। साथ ही संत जी के जीवन चरित्र, उनके आध्यात्मिक विचारों एवं समाज के प्रति उनके योगदान पर विस्तार से प्रकाश डाला गया।
इस अवसर पर प्रोफेसर रमेश कुमार रावत द्वारा समाज के सभी सदस्यों को पंचमुखी रुद्राक्ष कंठी वितरित की गई, जिन पर ‘ॐकार’ अंकित था और जो विशेष रूप से सिक्किम से मंगाई गई थीं। उन्होंने रुद्राक्ष के आध्यात्मिक एवं धार्मिक महत्व को भी विस्तार से समझाया।
अपने संबोधन में उन्होंने बताया कि संत सुन्दरदास जी महाराज का जन्म संवत 1653 में चैत शुक्ल नवमी (राम नवमी) के दिन राजस्थान के दौसा जिले में हुआ था, जो महान संत दादू दयाल जी के आशीर्वाद का परिणाम था। संत जी ने अपने जीवनकाल में 11 भाषाओं में 48 ग्रंथों की रचना की, जिनका संकलन 1936 में ग्रंथावली के रूप में प्रकाशित हुआ। इस ग्रंथावली की प्रस्तावना महान साहित्यकार रवीन्द्रनाथ टैगोर द्वारा लिखी गई थी। संत सुन्दरदास जी ने अपने साहित्य के माध्यम से आमजन को सरल जीवन जीने की प्रेरणा दी।
कार्यक्रम में खांडेलवाल समाज के नव-निर्वाचित पदाधिकारियों एवं संरक्षकों का माल्यार्पण कर एवं राम नाम अंकित दुपट्टा पहनाकर भव्य स्वागत एवं सम्मान किया गया।
इस आयोजन को लेकर अखिल भारतवर्षीय खांडेलवाल वैश्य महासभा के राष्ट्रीय एवं क्षेत्रीय पदाधिकारियों—रमेश चंद्र गुप्ता (तूंगा वाले), संजीव कुमार कट्टा, चंद्र प्रकाश खंडेलवाल, गोपाल खंडेलवाल (मथुरा), गिरधारीलाल खंडेलवाल (डीग), रामकिशोर खुटेटा, राकेश रावत (दिल्ली), नरेश खंडेलवाल (मंडी गोबिंदगढ़), राम निरंजन खुटेटा, मधु खंडेलवाल एवं शरद फरसोइया—ने चोमू खांडेलवाल समाज के सभी पदाधिकारियों, सदस्यों एवं संरक्षकों को सफल आयोजन हेतु हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं प्रेषित की। संत सुन्दरदास जी महाराज की 430वीं जयंती पर आयोजित यह कार्यक्रम न केवल धार्मिक आस्था का प्रतीक बना, बल्कि समाज में एकता, संस्कार और आध्यात्मिक जागरूकता का संदेश भी प्रदान कर गया।
रिपोर्ट: ब्यूरो चीफ, गुजरात प्रवासी न्यूज़, अहमदाबाद

